पटना: बिहार की राजधानी पटना में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटी और खराब खाद्य सामग्री के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 15 अक्टूबर 2026 को शहर के विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों में निरीक्षण के दौरान इस्तेमाल किया हुआ जला कुकिंग ऑयल, बासी समोसे, खराब मिठाइयां, पनीर, मैदा और एक्सपायरी सामग्री जब्त कर नष्ट कराई गई। कार्रवाई के दौरान खाद्य कारोबार के लिए जरूरी अनुज्ञप्ति नहीं होने और रसोईघर में साफ-सफाई की कमी जैसी अनियमितताएं भी सामने आईं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि के निर्देश पर यह अभियान चलाया गया। जांच के दौरान संबंधित प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस जारी किए गए और नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की गई। विभाग का उद्देश्य आम लोगों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।
नंदनी पाम ऑयल के पुराने टिन में घी से जुड़ा मामला
जांच के दौरान गोपाल पटना डेयरी, मुन्ना चक, कंकड़बाग में 360 किलोग्राम पुराने और जंग लगे टिन के डिब्बे जब्त किए गए। इनकी कीमत 2.52 लाख रुपये बताई गई है। उपलब्ध जानकारी में इन डिब्बों को नंदनी पाम ऑयल से जुड़ा बताया गया है और नकली घी के मामले का भी उल्लेख है।
हालांकि, जब्त किए गए टिनों और घी के संबंध में अंतिम निष्कर्ष के लिए जांच की विस्तृत रिपोर्ट महत्वपूर्ण होगी। खाद्य सामग्री के नमूने लेकर प्रयोगशाला में जांच कराए जाने की जानकारी भी दी गई है।
क्वालिटी कॉर्नर में गंदगी मिलने पर नोटिस
बोरिंग रोड स्थित मोंटेसरी स्कूल लेन के क्वालिटी कॉर्नर में निरीक्षण के दौरान 10 किलोग्राम छेना मिठाई, 2.5 लीटर इस्तेमाल किया हुआ जला तेल और तीन किलोग्राम अन्य मिठाइयां नष्ट की गईं। इनकी कुल कीमत 7,635 रुपये बताई गई है। प्रतिष्ठान से छेना और खोआ के नमूने भी लिए गए।
जांच के दौरान रसोईघर में टूटा फर्श, गंदी दीवारें, खुला कूड़ादान और खुली नाली जैसी कमियां पाई गईं। इसके बाद प्रतिष्ठान को 14 दिनों के भीतर कमियां दूर करने का नोटिस जारी किया गया।
प्लाजा स्वीट्स और पनीर एंड स्नैक्स कॉर्नर पर कार्रवाई
बुद्ध मार्ग स्थित प्लाजा स्वीट्स एंड चाट में जला हुआ खाद्य तेल, खराब मैदा और अन्य खाद्य सामग्री मिलने पर कार्रवाई की गई। यहां से सत्तू, धनिया पाउडर और मसालों के नमूने भी लिए गए। आवश्यक खाद्य अनुज्ञप्ति से संबंधित कमी पाए जाने पर प्रतिष्ठान को नोटिस जारी किया गया।
वहीं, फ्रेजर रोड स्थित पनीर एंड स्नैक्स कॉर्नर में 10 लीटर जला हुआ रिफाइंड तेल, 30 बासी समोसे और एक्सपायरी बेकिंग पाउडर नष्ट कराया गया। समोसों की कीमत 660 रुपये बताई गई है। प्रतिष्ठान के पास खाद्य पदार्थों के निर्माण की आवश्यक अनुज्ञप्ति नहीं थी। यहां से पनीर का नमूना भी जांच के लिए भेजा गया।
60 लीटर जला तेल और खराब पनीर-मिठाई पर कार्रवाई
अभियान के दौरान अलग-अलग प्रतिष्ठानों में इस्तेमाल किए गए जले हुए कुकिंग ऑयल को नष्ट कराया गया। अपना लिट्टी दुकान, मलाही पकड़ी में 7.5 किलोग्राम पनीर और 10 लीटर इस्तेमाल किया हुआ जला तेल नष्ट किया गया। डेजी स्वीट्स, नया टोला में 15 लीटर जला तेल और छह किलोग्राम मिठाई नष्ट की गई।
इसके अलावा राजीव नगर स्थित एक सैंडविच प्रतिष्ठान में 10 लीटर जला तेल नष्ट कराया गया। यहां साफ-सफाई, कीट नियंत्रण और कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र से जुड़ी कमियां भी मिलीं। प्रतिष्ठान को 14 दिनों का सुधार नोटिस दिया गया।
डेयरी और मिठाई दुकानों से भी सामग्री जब्त
गोपाल पटना डेयरी में 30 किलोग्राम रसगुल्ला और 15 किलोग्राम छेना जब्त किए जाने की जानकारी दी गई है। वहीं, ए.के. डेयरी प्रोडक्ट में छेना मिठाई, गुलाब जामुन, छेना और पेड़ा समेत विभिन्न खाद्य सामग्री जब्त की गई। इन सामग्रियों का कुल मूल्य 83,420 रुपये बताया गया है। संबंधित प्रतिष्ठान से मिठाई, पनीर, रसगुल्ला, पेड़ा और दही के नमूने भी लिए गए।
विजयनगर स्थित पन्नालाल कारखाना में दो किलोग्राम डोडा बर्फी नष्ट की गई। आवश्यक खाद्य अनुज्ञप्ति नहीं मिलने और साफ-सफाई से जुड़ी कमियां पाए जाने पर प्रतिष्ठान को बंद कराने की कार्रवाई की गई। तृप्ति मिष्टान्न भंडार के खिलाफ भी आवश्यक अनुज्ञप्ति नहीं होने के कारण कार्रवाई की गई।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने दी सख्त कार्रवाई की चेतावनी
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य प्रतिष्ठानों में स्वच्छता, सुरक्षित भंडारण, खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और जरूरी अनुज्ञप्ति की जांच आगे भी जारी रहेगी। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान के दौरान खराब खाद्य सामग्री को नष्ट कराने, नमूने प्रयोगशाला भेजने और प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस देने जैसे कदम उठाए गए। विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करना जरूरी है।







