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साईं धाम की भक्ति में सराबोर हुआ मैरवा, शिक्षा मंत्री ने की पूजा-अर्चना

सीवान, 22 अगस्त : सीवान जिले के मैरवा के कोड़रा स्थित साईं मंदिर के 18वें स्थापना दिवस समारोह में बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का भव्य स्वागत किया गया।

समारोह में बिहार और उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। शिक्षा मंत्री ने साईं मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और प्रसाद ग्रहण किया। कार्यक्रम को लेकर मैरवा थाना प्रभारी राहुल कुमार के नेतृत्व में मंदिर परिसर में पुलिस बल की तैनाती की गई थी। पुलिस पदाधिकारी लगातार कार्यक्रम की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे। साईं मंदिर के संस्थापक सह बिहार नागरिक परिषद के महासचिव राजीव कुमार सिंह उर्फ बिट्टू सिंह ने शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी को अंगवस्त्र, साईं बाबा की प्रतिमा, चांदी का मुकुट, गद्दा और तलवार भेंट कर सम्मानित किया।

समारोह में पहुंचे अन्य अतिथियों को भी अंगवस्त्र और साईं बाबा की प्रतिमा देकर सम्मानित किया गया। समारोह को संबोधित करते हुए शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि वे साईं मंदिर में दूसरी बार आए हैं। पहली बार जब यहां आए थे तो चुनाव हार गए थे और दूसरी बार मंत्री बनकर पहुंचे हैं। यह सब साईं बाबा की कृपा है। उन्होंने अपनी ओर से तथा शिक्षा विभाग और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की ओर से समारोह में उपस्थित लोगों का अभिनंदन किया। उन्होंने साईं मंदिर के संस्थापक राजीव कुमार सिंह उर्फ बिट्टू सिंह की सराहना करते हुए कहा कि एक भगीरथ थे, जो गंगा मैया को धरती पर लेकर आए थे। वहीं दूसरे भगीरथ राजीव कुमार उर्फ बिट्टू सिंह हैं, जिन्होंने नासिक से साईं बाबा को मैरवा लाकर यहां साईं धाम का निर्माण कराया। शिक्षा मंत्री ने भोजपुरी भाषा की महत्ता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि भोजपुरी में वह ताकत है, जिसके कारण इस भाषा ने अपनी अलग पहचान बनाई है।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत कक्षा एक से पांच तक के बच्चों को मातृभाषा में शिक्षा देने की दिशा में काम किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि अपने बच्चों को भोजपुरी में पढ़ाएं, क्योंकि जो पढ़ेगा वही आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा, “पढ़ेंगी बेटियां तो बढ़ेगा बिहार।

उन्होंने कहा कि व्यक्ति जीवन में कितना भी धन कमा ले, लेकिन वास्तविक रूप से धनी तभी बनेगा, जब उसके पास ज्ञान होगा। उन्होंने लोगों को संकल्प दिलाते हुए कहा कि कोई घर या झोपड़ी ऐसी नहीं बचे, जिसके बच्चे स्कूल नहीं जाएं। उन्होंने दावा किया कि आने वाले तीन-चार महीनों में बिहार की शिक्षा व्यवस्था में बदलाव देखने को मिलेगा।

समारोह के बाद भोजपुरी सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें भोजपुरी के प्रसिद्ध गायकों धनंजय शर्मा, डिंपल सिंह, विशाल गगन, रघु राजा, सोनम शर्मा और अरशद राज ने एक से बढ़कर एक गीतों की प्रस्तुति दी। कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों पर दर्शक झूमने को मजबूर हो गए। गीत-संगीत के दौरान तालियों की गड़गड़ाहट से पूरा परिसर गूंजता रहा और देर तक समारोह का माहौल खुशनुमा बना रहा।

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