हाजीपुर: राघोपुर अंचल क्षेत्र में बाढ़ से प्रभावित परिवारों को सहायता राशि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसके लिए आपदा संपूर्ति पोर्टल पर डाटा अपडेट करने का काम युद्धस्तर पर शुरू किया गया है। पूर्व में लॉक किए गए डाटा में आवश्यक संशोधन, अद्यतन और विलोपन की प्रक्रिया निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरी कराने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष व्यवस्था की है।
तीन पालियों में 24 घंटे होगा डाटा अपडेट
जिला परिषद सभागार, हाजीपुर में डाटा एंट्री ऑपरेटरों की प्रतिनियुक्ति की गई है। डाटा अपडेट का काम 24 घंटे तीन पालियों में चलेगा। प्रत्येक पाली में 10-10 कर्मियों को लगाया गया है। इस तरह कुल 30 कर्मी राघोपुर अंचल से जुड़े डाटा को अपडेट करने में जुटेंगे।
काम की निगरानी के लिए अधिकारियों की भी जिम्मेदारी तय की गई है। पहली पाली सुबह 6 बजे से दोपहर 2 बजे तक होगी। इसकी निगरानी अनुराधा कुमारी, अधिसूचित अंचल अधिकारी सहदेई बुजुर्ग करेंगी। दूसरी पाली दोपहर 2 बजे से रात 10 बजे तक चलेगी, जिसकी जिम्मेदारी प्रदीप कुमार, अधिसूचित अंचल अधिकारी महनार को दी गई है। तीसरी पाली रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक चलेगी।
पाली से 15 मिनट पहले पहुंचना होगा
प्रतिनियुक्त सभी कर्मियों को अपनी निर्धारित पाली शुरू होने से 15 मिनट पहले जिला परिषद सभागार पहुंचने का निर्देश दिया गया है। उन्हें लैपटॉप या कंप्यूटर सेट और यूपीएस के साथ अंचल अधिकारी राघोपुर के समक्ष योगदान देना होगा। इसके बाद उपस्थिति पंजी में हाजिरी दर्ज कर डाटा अपडेट का काम शुरू करना होगा।
लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई
जिला प्रशासन ने डाटा अपडेट के काम में किसी भी तरह की लापरवाही या अनुपस्थिति को गंभीरता से लेने की बात कही है। ड्यूटी से अनुपस्थित रहने या काम में शिथिलता बरतने पर आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
शत-प्रतिशत डाटा सत्यापन का निर्देश
अंचलाधिकारी राघोपुर को आवश्यक अभिलेखों और डाटा के साथ अपनी टीम का समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही सभी प्रविष्टियों का शत-प्रतिशत सत्यापन और अद्यतीकरण सुनिश्चित कराने को कहा गया है। प्रतिनियुक्त कर्मियों की लॉगिन आईडी बनवाने की जिम्मेदारी भी अंचल प्रशासन को दी गई है।
लॉगिन आईडी बनाने में सहयोग करेंगे प्रोग्रामर
जिला आपातकालीन संचालन केंद्र के प्रोग्रामर मनीष कुमार शिवम को अंचल अधिकारी राघोपुर के साथ समन्वय कर प्रतिनियुक्त कर्मियों की लॉगिन आईडी बनवाने में सहयोग करने का निर्देश दिया गया है।
प्रशासन का लक्ष्य बाढ़ प्रभावित परिवारों से संबंधित डाटा को जल्द से जल्द दुरुस्त करना है, ताकि पात्र परिवारों को सहायता राशि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में तेजी लाई जा सके।







