Homeराज्यपप्पू यादव का मोदी सरकार पर तीखा हमला, बोले- देश में कुछ...

पप्पू यादव का मोदी सरकार पर तीखा हमला, बोले- देश में कुछ उद्योगपतियों के हित में चल रही सरकार

पूर्णिया : सांसद पप्पू यादव ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार देश की आम जनता के हितों के बजाय कुछ चुनिंदा उद्योगपतियों के फायदे के लिए काम कर रही है। उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी, बढ़ते कर्ज, चुनाव प्रक्रिया और लोकतंत्र की स्थिति को लेकर भी केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इस्तीफे की मांग की।

पप्पू यादव ने एलन मस्क के एक ट्वीट का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि प्रधानमंत्री के कथित अपमान पर भाजपा और गोदी मीडिया की ओर से प्रतिक्रिया क्यों नहीं आई। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में प्रधानमंत्री से ऊपर कुछ उद्योगपति सुपर प्राइम मिनिस्टर की तरह काम कर रहे हैं।

महंगाई और बेरोजगारी पर सरकार को घेरा

सांसद ने पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस, दाल और सब्जियों की बढ़ती कीमतों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि आम जनता महंगाई से परेशान है। उन्होंने दावा किया कि 2014 के मुकाबले देश पर कर्ज का बोझ काफी बढ़ गया है। उनके मुताबिक, मध्यम वर्ग ईएमआई के दबाव में है, जबकि गरीबों और युवाओं की उम्मीदों को झटका लग रहा है।

उन्होंने बेरोजगारी, पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था और स्कूल-कॉलेजों से जुड़े मुद्दों पर भी केंद्र सरकार को घेरा। साथ ही मणिपुर की स्थिति और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार से जवाब मांगा।

SIR और वोट चोरी के आरोप

पप्पू यादव ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान 67 लाख मतदाताओं के नाम काटे जाने का आरोप लगाया। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए इसे वोट के अधिकार से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया। हालांकि, मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के संबंध में उनके आरोपों और दावों की आधिकारिक आंकड़ों से पुष्टि जरूरी है।

उन्होंने कहा कि जनता के मतदान के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा के लिए विपक्ष को एकजुट होकर आवाज उठानी चाहिए।

दिल्ली में प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई पर सवाल

सांसद ने दिल्ली में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने दावा किया कि प्रदर्शन के दौरान करीब सात हजार लोगों को गिरफ्तार किया गया। साथ ही जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों को रोकने, रास्ते बंद करने और इंटरनेट सेवाएं बाधित करने के आरोप लगाए।

उन्होंने सोशल मीडिया हैंडलर, यूट्यूबर और पत्रकारों को निशाना बनाए जाने का भी दावा किया। राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के साथ कथित पुलिस कार्रवाई का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने विपक्षी नेताओं, छात्रों और प्रदर्शनकारियों की आवाज दबाने का आरोप लगाया।

कांग्रेस को बताया देश की उम्मीद

पप्पू यादव ने कहा कि देश में अब हिंदू-मुस्लिम और जाति की राजनीति से आगे बढ़कर संविधान, लोकतंत्र और नागरिक अधिकारों की रक्षा की लड़ाई लड़ने की जरूरत है। उन्होंने कांग्रेस को देश का भविष्य, उम्मीद और विश्वास बताते हुए कहा कि पार्टी जनता के वोट देने के अधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष कर रही है।

उन्होंने राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को संविधान तथा जनता के अधिकारों की लड़ाई का प्रमुख चेहरा बताया। कांग्रेस हाईकमान के निर्देश पर विधायकों, सांसदों और पार्टी पदाधिकारियों को दिल्ली बुलाए जाने के फैसले का समर्थन करते हुए उन्होंने विपक्षी एकजुटता की अपील की।

युवाओं, किसानों और गरीबों के अधिकारों का मुद्दा

पप्पू यादव ने युवाओं, किसानों, गरीबों, महिलाओं और छोटे व्यापारियों की समस्याओं को उठाते हुए कहा कि सरकार को इन वर्गों के हितों पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने अन्ना हजारे के आंदोलन का जिक्र करते हुए मौजूदा विरोध प्रदर्शनों से जुड़े हालात पर भी सवाल उठाए।

उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष को याद करते हुए विपक्षी दलों से एकजुट होकर आगे आने की अपील की। अंत में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इस्तीफा देने की मांग करते हुए कहा कि संविधान, लोकतंत्र और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलन जारी रहेगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments