पटना : बिहार विधान परिषद की आठ सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हैं। विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता अपने-अपने प्रत्याशियों के पक्ष में लगातार प्रचार कर रहे हैं। चुनाव प्रचार का आज आखिरी दिन है। शाम 5 बजे तक ही उम्मीदवारों के समर्थन में प्रचार किया जा सकेगा। इसके बाद प्रचार अभियान पर विराम लग जाएगा। सभी दलों ने अपने प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है।
इन आठ सीटों में चार स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। चुनाव के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होगा, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना निर्धारित है।
पटना स्नातक सीट पर दिलचस्प मुकाबला
पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र पर सबकी निगाहें टिकी हैं। यहां जेडीयू के प्रत्याशी नीरज कुमार, जन सुराज के उम्मीदवार अनुज सिंह, आरजेडी के दिलीप कुमार और कांग्रेस के असदुल्लाह खान चुनावी मैदान में हैं। अलग-अलग दलों के उम्मीदवारों के उतरने से मुकाबला दिलचस्प हो गया है।
इस सीट पर राजनीतिक चर्चा उस समय और तेज हो गई, जब जेडीयू विधायक अनंत सिंह के जन सुराज प्रत्याशी अनुज सिंह को समर्थन देने की बात सामने आई। इसे लेकर नीरज कुमार और अनंत सिंह के बीच राजनीतिक बयानबाजी भी चर्चा में रही है। ऐसे में पटना स्नातक सीट का चुनावी मुकाबला खासा चर्चित हो गया है।
प्रचार के आखिरी दिन उम्मीदवार लगाएंगे पूरी ताकत
चुनाव प्रचार के अंतिम दिन विभिन्न दलों के नेता अपने प्रत्याशियों के पक्ष में जनसंपर्क और प्रचार अभियान तेज कर सकते हैं। इससे पहले भी कई क्षेत्रों में रैलियां, जनसभाएं और मतदाताओं से व्यक्तिगत मुलाकातें की गई हैं। प्रत्याशी मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के लिए लगातार संपर्क अभियान चला रहे हैं।
शाम पांच बजे प्रचार समाप्त होने के बाद उम्मीदवारों को निर्धारित चुनावी नियमों के तहत मतदान की तैयारी करनी होगी। अब सभी प्रत्याशियों की नजर मतदाताओं के समर्थन पर टिकी है।
आठ सीटों पर 164 उम्मीदवार मैदान में
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, विधान परिषद की आठ सीटों के लिए कुल 164 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। इनमें स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों से 98 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से 66 उम्मीदवार शामिल हैं।
राजनीतिक दलों की स्थिति पर नजर डालें तो एनडीए की ओर से जेडीयू ने चार और बीजेपी ने चार सीटों पर प्रत्याशी उतारे हैं। आरजेडी छह सीटों पर चुनाव लड़ रही है, जबकि जन सुराज ने सभी आठ सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। कांग्रेस और वाम दलों के प्रत्याशी भी चुनाव में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
कुछ सीटों पर अलग-अलग दलों के उम्मीदवारों के बीच मुकाबला होने के साथ गठबंधन के भीतर भी राजनीतिक समीकरण चर्चा का विषय बने हुए हैं।
23 अक्टूबर को मतदान, 27 अक्टूबर को मतगणना
चुनाव प्रचार समाप्त होने के बाद अब मतदान की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंचेंगी। 23 अक्टूबर को मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इसके बाद 27 अक्टूबर को मतगणना होगी और परिणाम सामने आएंगे।
आठ सीटों के इस चुनाव में प्रत्याशियों के साथ-साथ राजनीतिक दलों की प्रतिष्ठा भी दांव पर है। अब देखना होगा कि चुनाव प्रचार के दौरान किए गए प्रयास मतदान में कितना असर दिखाते हैं और किस दल के उम्मीदवारों को मतदाताओं का समर्थन मिलता है।







