पटना : पटना विश्वविद्यालय के मगध महिला कॉलेज समेत अन्य कॉलेजों की छात्राएं छात्रावास आवंटन में देरी से परेशान हैं। सत्र का एक सेमेस्टर पूरा हो चुका है, लेकिन अब तक छात्राओं को हॉस्टल आवंटित नहीं किया गया है। छात्राओं का कहना है कि वे लंबे समय से आवंटन का इंतजार कर रही हैं, लेकिन उन्हें अब तक कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी है।
छात्रावास आवंटन में देरी ऐसे समय हो रही है, जब 27 अक्टूबर से इंटरनल परीक्षाएं शुरू होने वाली हैं। इसके बाद दिसंबर में सेमेस्टर वन की फाइनल परीक्षा भी प्रस्तावित है। ऐसे में छात्राओं को रहने, कॉलेज आने-जाने और परीक्षा की तैयारी को लेकर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
27 अक्टूबर से इंटरनल परीक्षा, बढ़ी चिंता
छात्राओं की परेशानी परीक्षा नजदीक आने के साथ बढ़ गई है। उनका कहना है कि कॉलेज से दूर रहने के कारण आने-जाने में काफी समय लगता है। इससे पढ़ाई और परीक्षा की तैयारी प्रभावित हो सकती है।
छात्राएं चाहती हैं कि विश्वविद्यालय प्रशासन जल्द से जल्द छात्रावास आवंटन की प्रक्रिया पूरी करे, ताकि वे रहने की चिंता से मुक्त होकर पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित कर सकें।
मजबूरी में निजी हॉस्टल में रह रहीं छात्राएं
दूर-दराज के इलाकों से पढ़ाई करने पटना आने वाली कई छात्राओं को विश्वविद्यालय के छात्रावास में जगह नहीं मिलने के कारण निजी हॉस्टलों में रहना पड़ रहा है। छात्राओं के मुताबिक, निजी हॉस्टल का किराया और अन्य खर्च अधिक होने से उनके परिवारों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।
ऐसे में विश्वविद्यालय के छात्रावास में आवंटन मिलने से उन्हें कम खर्च में रहने और पढ़ाई के लिए बेहतर सुविधा मिलने की उम्मीद है।
छात्रावास की जानकारी के लिए लगा रहीं चक्कर
छात्राओं का कहना है कि आवंटन की स्थिति जानने के लिए उन्हें बार-बार विश्वविद्यालय के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें प्रक्रिया पूरी होने की तारीख के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं मिल रही है।
छात्राओं के अनुसार, इंटरनल परीक्षा नजदीक होने के कारण अब आवंटन में होने वाली अतिरिक्त देरी उनकी मुश्किलें और बढ़ा सकती है।
दिसंबर में सेमेस्टर वन की फाइनल परीक्षा
छात्राओं के सामने फिलहाल इंटरनल परीक्षा के साथ दिसंबर में होने वाली सेमेस्टर वन की फाइनल परीक्षा की तैयारी की चुनौती भी है। ऐसे में छात्रावास आवंटन का मुद्दा महत्वपूर्ण हो गया है।
छात्राओं का कहना है कि यदि समय पर हॉस्टल मिल जाता है, तो उन्हें रहने और रोजाना कॉलेज आने-जाने की समस्या से राहत मिलेगी। इससे वे अपनी पढ़ाई और परीक्षा की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकेंगी।
समर्थ पोर्टल से होगा छात्रावास का आवंटन
इस मामले में कॉलेज प्रशासन का कहना है कि वह छात्राओं की परेशानी से अवगत है। छात्राएं लगातार छात्रावास आवंटन से संबंधित जानकारी लेने पहुंच रही हैं। प्रशासन के अनुसार, इस सत्र में छात्रावास का आवंटन समर्थ पोर्टल के माध्यम से किया जाना है और छात्राओं से आवेदन भी लिए जा चुके हैं।
विश्वविद्यालय स्तर पर पूरी होगी प्रक्रिया
कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस बार छात्रावास आवंटन की जिम्मेदारी कॉलेज स्तर पर नहीं होगी। पूरी प्रक्रिया विश्वविद्यालय स्तर पर संपन्न की जानी है। ऐसे में छात्राओं को विश्वविद्यालय प्रशासन के फैसले का इंतजार करना पड़ रहा है।
हालांकि, उपलब्ध जानकारी के अनुसार, छात्रावास आवंटन की निश्चित तारीख अब तक स्पष्ट नहीं की गई है।
छात्राओं को जल्द राहत मिलने की उम्मीद
इंटरनल परीक्षा और सेमेस्टर वन की फाइनल परीक्षा नजदीक आने के साथ छात्रावास आवंटन का मामला छात्राओं के लिए अहम हो गया है। छात्राओं को उम्मीद है कि विश्वविद्यालय प्रशासन जल्द ही समर्थ पोर्टल के माध्यम से आवंटन की प्रक्रिया पूरी करेगा।
अब देखना होगा कि विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रावास आवंटन को लेकर कब तक निर्णय लेता है और छात्राओं को इस परेशानी से राहत मिल पाती है या नहीं।







