अधिवक्ता नित्यानंद राय ने प्रार्थना पत्र में कहा ,जब सारी जमीन बाबा विश्वनाथ की तो अंजुमन से जमीन की अदला- बदली कैसे, मामले में जबाबदेही नहीं हुई दाखिल
वाराणसी, 19 अगस्त : उत्तर प्रदेश के वाराणसी में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर से जुड़ी जमीन की अदला-बदली के मामले में बुधवार को सिविल जज (सीनियर डिवीजन) खलीफा तुलिका बंधु की अदालत में सुनवाई हुई। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास परिषद ने जवाबदेही समाप्त करने के अवसर को समाप्त करने के अदालत के पिछले आदेश को वापस लेने की गुहार लगायी।
वहीं, उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से कोई भी अदालत मे हाजिर नहीं हुआ। मामले में सुनवाई के दौरान अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी की ओर से प्रार्थना पत्र देकर सर्वोच्च न्यायालय के एक आदेश का हवाला देकर कार्यवाही स्थगित करने की मांग की गई। जिस पर वादी बनारस बार के पूर्व महामंत्री अधिवक्ता नित्यानंद राय ने कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। अधिवक्ता ने अदालत को सर्वोच्च न्यायालय के आदेश को भी पढकर सुनाया। और कहा कि इस आदेश के मुताबिक किसी प्रकार के सर्वे रिपोर्ट के लिये आदेश या किसी प्रभावकारी अंतरिम या अंतिम आदेश के लिये सर्वोच्च न्यायालय ने रोक लगायी है। मुकदमे को पूरी तरह से स्टे नहीं किया है। लिहाजा विपक्षीगण को जवाबदेही दाखिल करने के लिये आदेशित किया जाये। अदालत ने सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के मद्देनजर वादी नित्यानन्द राय से लिखित आपत्ति दाखिल करने को कहा।
बताते चले वादी नित्यानंद राय ने सात सितम्बर 2024 को उत्तर प्रदेश सरकार बजरिये जिलाधिकारी,श्री विश्वनाथ मंदिर न्यास परिषद,अंजुमन इंतजामिया को पार्टी बनाते हुए दावा दाख़िल किया। और कहा कि काशी विश्वनाथ मंदिर से सटे प्लॉट नंबर 8276 मौजा शहर ख़ास काशी विश्वनाथ मंदिर की संपत्ति है। अंजुमन इन्तेजामिया मसाजिद कमेटी ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा क्रय किये गए भवन संख्या सी. के. 38/12,13 से प्लाट नम्बर 8276के अंश भाग को अपना बता कर अदला-बदली कर ली। जो सरासर ग़लत है। अंजुमन इंतज़ामिया ने ग़लत तरीक़े से उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा खरीदी गई बेशक़ीमती मकान नंबर सी के 38 /12,13 को हड़पने की गरज से काशी विश्वनाथ मंदिर से सटे भूमि को अपना बताते हुए अदला बदली कर ली। अंजुमन का काशी विश्वनाथ की ज़मीन पर कोई क़ब्ज़ा नहीं था। इसलिए ज़मीन की अदला-बदली का दस्तावेज़ क़ानूनन शून्य है।
वादी ने अदालत से गुहार लगाई कि अदला-बदली का दस्तावेज़ 10 जुलाई 2021 को शून्य घोषित किया जाए। विश्वनाथ मंदिर परकोटे में आने वाली विश्वनाथ कॉरिडोर की समस्त अराजियात 8276,9130,9131,9132,9133,913४,9135 मौजा शहर ख़ास परगना देहात अमानत तहसील सदर जिला वाराणसी पर काशी विश्वनाथ मंदिर का स्वामित्व घोषित किया जाए। इस मामले में अब अगली सुनवाई 14 अक्टूबर को होगी।






