पटना: बिहार के पूर्व डीजीपी विनय कुमार ने गुरुवार को राज्य मुख्य सूचना आयुक्त के पद की शपथ ली। पटना स्थित राजभवन में आयोजित समारोह में राज्यपाल सैयद अता हसनैन ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण के बाद विनय कुमार ने राज्य मुख्य सूचना आयुक्त के रूप में अपना पदभार भी संभाल लिया।
शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत समेत कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद रहे। विनय कुमार के पदभार संभालने के साथ ही उनकी प्रशासनिक भूमिका में बड़ा बदलाव हुआ है। पुलिस विभाग में शीर्ष जिम्मेदारी निभाने के बाद अब वह सूचना के अधिकार से जुड़े मामलों की निगरानी करेंगे।

DGP पद से VRS लेकर नई जिम्मेदारी
विनय कुमार हाल तक बिहार के पुलिस महानिदेशक (DGP) के पद पर कार्यरत थे। इसके बाद उन्होंने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (VRS) लिया। अब उन्हें बिहार राज्य सूचना आयोग में राज्य मुख्य सूचना आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई है।
उनकी नियुक्ति को लेकर सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से आधिकारिक अधिसूचना जारी की गई थी। नियुक्ति से पहले मुख्य सूचना आयुक्त के चयन को लेकर मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष की बैठक हुई थी। बैठक में सहमति बनने के बाद विनय कुमार के नाम को मंजूरी दी गई और इसके बाद नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी की गई।
RTI मामलों की सुनवाई और निपटारे की होगी जिम्मेदारी
राज्य मुख्य सूचना आयुक्त के रूप में विनय कुमार की जिम्मेदारी सूचना के अधिकार (RTI) से जुड़े मामलों की निगरानी और आयोग के कामकाज का नेतृत्व करना होगी। यदि किसी नागरिक को सरकारी विभाग से मांगी गई सूचना नहीं मिलती है या सूचना उपलब्ध कराने में निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया जाता है, तो RTI कानून के तहत अपील और शिकायत की व्यवस्था है।
ऐसे मामलों की सुनवाई और उनके निपटारे में राज्य सूचना आयोग की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अब विनय कुमार आयोग के प्रमुख के तौर पर पारदर्शिता और नागरिकों के सूचना के अधिकार से जुड़े मामलों को देखेंगे।
पुलिस प्रशासन में लंबे समय तक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाने के बाद विनय कुमार के लिए यह एक नई प्रशासनिक भूमिका है। अब उनकी जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था से अलग सूचना के अधिकार और प्रशासनिक पारदर्शिता से जुड़े मामलों पर केंद्रित होगी।