पटना : जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर (PK) ने मंगलवार को पटना शिक्षक MLC चुनाव को लेकर बड़ा बयान दिया। डॉ. दिव्या ज्योति की नामांकन सभा में पहुंचे PK ने जेडीयू नेता नीरज कुमार पर निशाना साधते हुए कहा कि वे लंबे समय से राजनीति में हैं, लेकिन शिक्षकों के लिए वेतनमान सुनिश्चित नहीं करा पाए। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे में वे आज किस मुंह से वोट मांग रहे हैं।
प्रशांत किशोर ने कहा कि अगर नीरज कुमार को अपने राजनीतिक समर्थन का इतना भरोसा है तो वे जिन नीतीश कुमार के नाम पर वोट मांग रहे हैं, उन्हें कैमरे के सामने आकर उनके समर्थन में बोलना चाहिए। PK ने दावा किया कि अगर नीतीश कुमार कैमरे पर आकर नीरज कुमार के समर्थन में बोल देते हैं, तो जन सुराज अपना प्रत्याशी वापस ले लेगा।
“शिक्षकों को लोकसभा चुनाव से पहले 7वां वेतनमान दिलाएंगे”
नामांकन सभा को संबोधित करते हुए प्रशांत किशोर ने शिक्षकों और युवाओं से जुड़े मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि जन सुराज की प्राथमिकता बिहार की शिक्षा व्यवस्था को बेहतर करना और शिक्षकों को सम्मान दिलाना है।
PK ने दावा किया कि जन सुराज की जीत होने पर लोकसभा चुनाव से पहले शिक्षकों को 7वां वेतनमान दिलाने का प्रयास किया जाएगा। वहीं, स्नातक क्षेत्र से जुड़े बेरोजगार युवाओं को लेकर उन्होंने कहा कि जीत के बाद 10 हजार पढ़े-लिखे बेरोजगार युवाओं को नौकरी दिलाने की दिशा में काम किया जाएगा।
“भगदड़ जन सुराज में नहीं, रूलिंग पार्टी में है”
MLC चुनाव के मौजूदा राजनीतिक माहौल पर भी प्रशांत किशोर ने विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जन सुराज में किसी तरह की भगदड़ नहीं है। उनके मुताबिक, “भगदड़ रूलिंग पार्टी में है”, जहां लोग यह सोच रहे हैं कि कौन पार्टी छोड़कर गया और कौन नहीं।
PK ने कहा कि जन सुराज पूरी ताकत के साथ चुनाव मैदान में खड़ा है और दूसरे दलों के लोग भी उसके पीछे खड़े हैं। उन्होंने दावा किया कि शिक्षकों और स्नातकों ने अपना मन बना लिया है और वे बिहार में बेहतर शिक्षा व्यवस्था, शिक्षकों के सम्मान और वेतनमान के मुद्दे पर मतदान करेंगे।
उन्होंने कहा कि अगर बिहार में शिक्षा व्यवस्था में बदलाव, शिक्षकों को सम्मान और उचित वेतनमान चाहिए, तो जन सुराज को जिताना होगा।
नीरज कुमार और सम्राट चौधरी पर साधा निशाना
प्रशांत किशोर ने अपने संबोधन में नीरज कुमार के साथ-साथ सत्तारूढ़ गठबंधन पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय तक सत्ता में रहने के बावजूद शिक्षकों और युवाओं की समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं किया गया।
PK ने कहा कि शिक्षक और स्नातक मतदाताओं के सामने इस चुनाव में केवल उम्मीदवार चुनने का सवाल नहीं है, बल्कि बिहार की शिक्षा, रोजगार और शिक्षकों के सम्मान से जुड़े मुद्दों पर फैसला लेने का मौका है। उन्होंने मतदाताओं से जन सुराज के पक्ष में मतदान करने की अपील की।






